राज्य का पूर्ण सुसमाचार - भाग 5
पूर्ण सुसमाचार में पाप से पूर्ण स्वतंत्रता भी शामिल है। हम न केवल पाप की सज़ा से मुक्त हैं, बल्कि हम पाप करने की इच्छा से भी मुक्त हैं।
“और जो मसीह यीशु के हैं, उन्होंने शरीर को उसकी लालसाओं और अभिलाषाओं समेत क्रूस पर चढ़ा दिया है।“—गलातियों 5:24
“उसने तुम्हें भी जिलाया, जो अपने अपराधों और पापों के कारण मरे हुए थे जिनमें तुम पहले इस संसार की रीति पर, और आकाश के अधिकार के हाकिम अर्थात् उस आत्मा के अनुसार चलते थे, जो अब भी आज्ञा न माननेवालों में कार्य करता है। इनमें हम भी सब के सब पहले अपने शरीर की लालसाओं में दिन बिताते थे, और शरीर और मन की इच्छाएँ पूरी करते थे, और अन्य लोगों के समान स्वभाव ही से क्रोध की सन्तान थे। परन्तु परमेश्वर ने जो दया का धनी है, अपने उस बड़े प्रेम के कारण जिस से उसने हम से प्रेम किया, जब हम अपराधों के कारण मरे हुए थे तो हमें मसीह के साथ जिलाया (अनुग्रह ही से तुम्हारा उद्धार हुआ है)“—इफिसियों 2:1–5
जैकी पुलिंगर ने कई नशे के आदी लोगों को परमेश्वर के पास लाया, परंपरागत उद्धार की व्याख्या के माध्यम से नहीं, बल्कि परमेश्वर की शक्ति के द्वारा उन्हें उनकी लतों से मुक्ति दिलाकर। जब इन पूर्व नशे के आदी लोगों को यह एहसास हुआ कि उन्हें उनकी लतों से पूरी तरह से मुक्ति मिल गई है, तो उन्होंने उद्धार प्राप्त किया और खुशी-खुशी मसीह के शिष्य बन गए।
जब यीशु क्रूस पर मरे, तो उन्होंने आपके पाप अपने ऊपर ले लिए। उन्होंने आपकी बुरी आदतों और व्यसनों को उठाया, और उन्हें क्रूस पर मृत्यु दी। वे अब आप का हिस्सा नहीं हैं। आपके पुराने पाप, व्यसन, और उन्हें करने की कोई भी इच्छा यीशु के साथ क्रूस पर मारे गए थे। आप अब एक नए व्यक्ति हैं! आप उन पुराने पापों के प्रभाव के बिना जीने के लिए स्वतंत्र हैं।
“इसलिये यदि कोई मसीह में है तो वह नई सृष्टि है : पुरानी बातें बीत गई हैं; देखो, सब बातें नई हो गई हैं।“—2 कुरिन्थियों 5:17
“हम जानते हैं कि हमारा पुराना मनुष्यत्व उसके साथ क्रूस पर चढ़ाया गया ताकि पाप का शरीर व्यर्थ हो जाए, और हम आगे को पाप के दासत्व में न रहें। क्योंकि जो मर गया, वह पाप से छूटकर धर्मी ठहरा। इसलिये यदि हम मसीह के साथ मर गए, तो हमारा विश्वास यह है कि उसके साथ जीएँगे भी। क्योंकि यह जानते हैं कि मसीह मरे हुओं में से जी उठकर फिर मरने का नहीं; उस पर फिर मृत्यु की प्रभुता नहीं होने की। क्योंकि वह जो मर गया तो पाप के लिये एक ही बार मर गया; परन्तु जो जीवित है तो परमेश्वर के लिये जीवित है। ऐसे ही तुम भी अपने आप को पाप के लिये तो मरा, परन्तु परमेश्वर के लिये मसीह यीशु में जीवित समझो।“—रोमियों 6:6–11
“उसी में तुम्हारा ऐसा खतना हुआ है जो हाथ से नहीं होता, अर्थात् मसीह का खतना, जिससे शारीरिक देह उतार दी जाती है”—कुलुस्सियों 2:11
हम विश्वास के द्वारा पाप की शक्ति (और पाप करने की किसी भी इच्छा) से मुक्ति की वास्तविकता में प्रवेश करते हैं, ठीक वैसे ही जैसे हम उद्धार के अनुभव में प्रवेश करते हैं।
“उसी में तुम्हारा ऐसा खतना हुआ है जो हाथ से नहीं होता, अर्थात् मसीह का खतना, जिससे शारीरिक देह उतार दी जाती है, और उसी के साथ बपतिस्मा में गाड़े गए और उसी में परमेश्वर की सामर्थ्य पर विश्वास करके, जिसने उसको मरे हुओं में से जिलाया, उसके साथ जी भी उठे।“—कुलुस्सियों 2:11–12
और अब, जब यीशु ने हमें पाप करने की इच्छा से मुक्त कर दिया है, तो हम इसके बजाय अपना जीवन अच्छे कामों को दे सकते हैं—यानी गलत करने के बजाय सही करने को।
“एक दूसरे से झूठ मत बोलो, क्योंकि तुम ने पुराने मनुष्यत्व को उसके कामों समेत उतार डाला है और नए मनुष्यत्व को पहिन लिया है, जो अपने सृजनहार के स्वरूप के अनुसार ज्ञान प्राप्त करने के लिये नया बनता जाता है।“—कुलुस्सियों 3:9–10
“जिस ने अपने आप को हमारे लिये दे दिया कि हमें हर प्रकार के अधर्म से छुड़ा ले, और शुद्ध करके अपने लिये एक ऐसी जाति बना ले जो भले–भले कामों में सरगर्म हो।“—तीतुस 2:14
“और पाप से छुड़ाए जाकर धार्मिकता के दास हो गए।“—रोमियों 6:18
“आज्ञाकारी बालकों के समान अपनी अज्ञानता के समय की पुरानी अभिलाषाओं के सदृश न बनो। पर जैसा तुम्हारा बुलानेवाला पवित्र है, वैसे ही तुम भी अपने सारे चालचलन में पवित्र बनो। क्योंकि लिखा है, ‘पवित्र बनो, क्योंकि मैं पवित्र हूँ।’“—1 पतरस 1:14–16
“परन्तु अब पाप से स्वतंत्र होकर और परमेश्वर के दास बनकर तुम को फल मिला जिससे पवित्रता प्राप्त होती है, और उसका अन्त अनन्त जीवन है।“—रोमियों 6:22
“क्योंकि हम उसके बनाए हुए हैं, और मसीह यीशु में उन भले कामों के लिये सृजे गए जिन्हें परमेश्वर ने पहले से हमारे करने के लिये तैयार किया।“—इफिसियों 2:10
पीछे: पूर्ण सुसमाचार में पवित्र आत्मा का बपतिस्मा शामिल है
